Monday, July 22

स्वच्छता के बगैर उत्तम स्वास्थ्य संभव नहीं

स्वच्छता के बगैर उत्तम स्वास्थ्य संभव नहीं


वार्डरफ नगर
राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई, स्व. रामप्रसाद देवांगन शासकीय महाविद्यालय, खरोरा के स्वयं सेवकों ने बस स्टैंड के पास गार्डन की साफ-सफाई की। स्वयं सेवकों ने गार्डन के फव्वारा की गंदगी के साथ समूचे परिसर में बिखरे हुए पाउच, पन्नी और सूखी पत्तियों की सफाई कर स्वच्छता का संदेश दिया।

स्वच्छता को अपने आचरण में इस तरह अपनाना है कि वह हमारी आदत बन जाए; क्योंकि स्वच्छता के बगैर उत्तम स्वास्थ्य संभव नहीं है। दीपावली के अवसर पर सिर्फ घरों की ही साफ-सफाई नहीं हो, अपितु सार्वजनिक स्थलों चौक-चौराहों, पेयजल स्रोतों के साथ हमारा परिवेश भी स्वच्छ हो। उक्त बातें कार्यक्रम अधिकारी डॉ वाल्मीकि साहू ने कहीं और नवयुवकों से अपने परिवेश की निरंतर साफ-सफाई हेतु आह्वान किया। इस अवसर पर हारदीपा, देविका, आकांक्षा, प्रीति, दुर्गेश्वरी,तामेश्वर, राजेश ,रामकुमार, रोहित, योगेश, हर्ष, कुलेश्वर, तुषार, लोकेश, आदि स्वयं सेवकों ने ऐसे ही स्वच्छता और जन जागरूकता के कार्य को प्रमुखता से सतत् करते रहने का संकल्प लिया।

साफ-सफाई एक अच्छी आदत है, स्वच्छ पर्यावरण और आदर्श जीवन शैली के लिये हर एक को यह आदत बनानी चाहिये। स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मानसिकता का विकास होता है इसी के मद्देनजर देश में स्वच्छता की महती आवश्यकता को देखते हुए हमारे प्रधानमंत्री ने स्वच्छता अभियान शुरू किया। हमें ये समझना चाहिये कि ये केवल हमारे प्रधानमंत्री का कार्य नहीं है, बल्कि समाज में रहने वाले हर इंसान की जिम्मेदारी है। हम सब के स्वस्थ जीवन के लिये इस अभियान में हमें कंधे से कन्धा मिलकर भाग लेना चाहिये। इसकी शुरूआत घरों, स्कूलों, कालेजों, समुदायों, कार्यालयों, संस्थानों से हो जिससे कि देश में व्यापक स्तर पर स्वच्छ भारत क्रांति हो। हमें खुद को, घर, अपने आसपास, समाज, समुदाय, शहर, उद्यान और पर्यावरण आदि को रोज स्वच्छ रखने की जरुरत है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *