पटना
लंबे समय से एक-दूसरे से दूर-दूर दिख रहे राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के दोनों पुत्रों तेजप्रताप यादव और तेजस्वी यादव (Tej Pratap Yadav and Tejashwi Yadav) के बीच की दूरियां मिटती दिखाई दे रही हैं। सोमवार को विधानसभा के शीतकालीन सत्र (Winter Session of Bihar Assembly) के पहले दिन की कार्रवाही स्थगित किए जाने के बाद जब तेजस्वी बाहर आए, तो उनके साथ तेजप्रताप भी थे। दोनों भाई साथ खड़े रहे। लगा ही नहीं कि उनके बीच कोई मतभेद है। इससे पहले तेजप्रताप ने तेजस्वी यादव के ट्वीट को भी रिट्वीट किया था। तब से ही इस बात के संकेत मिल रहे थे दोनों भाइयों की कड़वाहट दूर होती जा रही है। दोनों भाइयों को साथ देख समर्थकों ने खुशी जताई है।
सरकार पर हमले के समय साथ दिखे तेज-तेजस्वी
तेजप्रताप यादव ने तेजस्वी के उस ट्वीट को रिट्वीट किया है जिसमें उन्होंने एनडीए के 16 वर्षों में बिहार को गरीबी, अपराध, पलायन समेत कई मुद्दों पर नंबर एक बताया है। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य आदि के मुद्दे पर सरकार को जीरो अंक दिया है। ऐसे में अब सत्ता पक्ष के सामने दोनों भाई विपक्षी दल की आवाज बुलंद करेंगे, ऐसा समझा जाता है। इधर नेता प्रतिपक्ष ने सरकार के 16 वर्षों के कार्यकाल पर सवाल उठाए। कहा कि 16 साल बेमिसाल नहीं बदहाल रहे हैं। नीति आयोग की रिपोर्ट को सीएम ने देखा है या नहीं। इस साल भी नीति आयोग के कई सूचकांक में बिहार पीछे से पहले नंबर पर है। जो व्यक्ति रिपोर्ट कार्ड पढ़ेगा ही नहीं, वो क्या काम करेगा। रोजगार, पलायन, जहरीली शराब समेत कई मुद्दों पर तेजस्वी ने सरकार को घेरा। कहा कि बिहार में शराब कैसे मिल रही है। पटना में यदि शराब मिलती है तो इसका मतलब है कि वह कई जिलों से होकर आती तो फिर बॉर्डर इलाके में सख्ती क्यों नहीं हो रही।