पंजाब
पंजाब की राजनीति में पिछले कुछ समय से हिंदुओं की चर्चा बढ़ गई है। शिअद-भाजपा का गठबंधन टूटने और कैप्टन अमरिंदर सिंह के कांग्रेस से अलग होने के बाद हिंदू मतदाता सभी पार्टियों के फोकस में आ गए हैं। कैप्टन को हटाए जाने के बाद जब ज्यादातर विधायक सुनील जाखड़ को मुख्यमंत्री बनाने के समर्थन में तब वरिष्ठ नेत्री अंबिका सोनी ने यह कह कर नया विवाद छेड़ दिया कि पंजाब में कोई पगड़ीधारी सिख ही मुख्यमंत्री होना चाहिए। जाखड़ ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया भी दी। इस बीच कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने हिंदू और हिंदुत्व को अलग-अलग बताया तो वरिष्ठ नेता मनीष तिवारी ने उन्हें सलाह दे डाली कि वे हिंदुत्व की बहस से दूर रहें। कांग्रेस पार्टी की मूल भावना इससे काफी अलग है। पूर्व केंद्रीय मंत्री व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद ने जब अपनी किताब में हिंदुत्व पर सवाल उठाया तो यह बहस और तेज हो गई। इन्हीं सब मुद्दों पर दैनिक जागरण ने पंजाब की आनंदपुर साहिब लोकसभा सीट से कांग्रेस सांसद व पूर्व केंद्रीय मंत्री मनीष तिवारी से विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को हिंदुत्व की अपनी मूल विचारधारा में लौटकर ही खोया गौरव प्राप्त हो सकता है।
