Saturday, January 17

आज दिल्ली में सोनिया गांधी से मिलेंगे सचिन पायलट, विधानसभा चुनाव से पहले राजस्थान कांग्रेस में बदलाव के आसार

आज दिल्ली में सोनिया गांधी से मिलेंगे सचिन पायलट, विधानसभा चुनाव से पहले राजस्थान कांग्रेस में बदलाव के आसार


जयपुर
राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बाद अब पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट आज दिल्ली दौरे पर है। पायलट का सोनिया गांधी से मुलाकात का कार्यक्रम है। सीएम गहलोत के बाद वर्तमान सियासी हलचलों के मद्देनजर पायलट की सोनिया गांधी से मुलाकात काफी अहम मानी जा रही है। हालांकि, मुलाकात का एजेंडा सामने नहीं आया है, लेकिन चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर की एंट्री लेकर अगले महीने राजस्थान के उदयपुर में प्रस्तावित चिंतन शिविर को लेकर चर्चा हो सकती है। उल्लेखनीय है कि बुधवार को सीएम गहलोत ने सोनिया गांधी से उनके आवास पर मुलाकात की थी। कयास यह भी लगाए जा रहे हैं कि विधानसभा चुनाव 2023 से पहले कांग्रेस आलाकमान सचिन पायलट को प्रदेश में बड़ी जिम्मेदारी दे सकता है। पायलट फिर से प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बनाए जा सकते हैं।

विभिन्न मुद्दों पर होगी चर्चा
सचिन पायलट की सोनिया गांधी से मुलाकात को लेकर सियासी कयास लगाए जा रहे हैं। माना जा रहा है कि प्रदेश में राजनीतिक नियुक्तियों, कैबिनेट में फेरबदल और विधानसभा और लोकसभा चुनाव समेत विभिन्न मुद्दों पर सोनिया गांधी से बातचीत हो सकती है। ऐसे भी चर्चा है सचिन पायलट प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बनाए जा सकते हैं। उल्लेखनीय है कि विधानसभा चुनाव 2018 पायलट के नेतृत्व में ही लड़ा गया था। लेकिन पायलट सीएम की रेस में पिछड़ गए और अशोक गहलोत राज्य के मुख्यमंत्री बन गए।  

बुधवार को सीएम गहलोत रहे दिल्ली दौरे पर
पांच राज्यों में मिली हार के बाद कांग्रेस को मजबूती देने के लिए सीएम गहलोत को दिल्ली तलब किया था। सचिन पायलट की सोनिया गांधी से मुलाकात को पांच राज्यों में करारी हार के बाद कांग्रेस को फिर से खड़ी करने की कयायद के तौर पर देखा जा रहा है। सीएम गहलोत ने दिल्ली  में मीडिया कर्मियों से बातचीत में  भाजपा आरएसएस पर जमकर निशाना साधा था। सीएम गहलोत ने कहा कि भाजपा का राष्ट्रवाद और हिंदुत्व सिर्फ चुनाव जीतने के लिए है। भाजपा धर्म  के आधार पर ध्रुवीकरण चुनाव जीत जाती है। माना जा रहा है कि सीएम गहलोत ने कांग्रेस के मई महीने में प्रस्तावित शिविर चिंतन शिविर और राजस्थान विधानसभा और लोकसभा चुनाव को लेकर रणनीति पर मंथन किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *