नई दिल्ली
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के आरोपों के बाद विनायक दामोदर सावरकर के नाम पर फिर सियासत छिड़ गई है। लेकिन इस बार कांग्रेस को अपने ही सियासी साथी का साथ नहीं मिल रहा है। राहुल के बयान पर महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने असहमति जता दी है। साथ ही उन्होंने साफ कर दिया है कि वह सावरकर का सम्मान करते हैं। एक बार इतिहास के लिहाज से इस पूरे सियासी घटनाक्रम को समझते हैं।
पहले, राहुल ने क्या कहा?
भाषा के अनुसार, राहुल गांधी ने गुरुवार को दावा किया कि विनायक दामोदर सावरकर ने अंग्रेजों की मदद की थी और कारागार में रहने के दौरान उन्होंने डर के कारण माफीनामे पर हस्ताक्षर करके महात्मा गांधी और अन्य समकालीन भारतीय नेताओं को धोखा दिया था। मंगलवार को भी वाशिम जिले में आयोजित एक रैली में हिंदुत्व विचारक सावरकर पर निशाना साधा था।
अब उद्धव क्या बोले?
हिंदुत्व विचारक को लेकर दिए गए राहुल के बयान पर उद्धव ने असहमति जता दी। उन्होंने कहा, 'हम सावरकर को लेकर राहुल गांधी की तरफ से की गई टिप्पणी का समर्थन नहीं करते हैं। स्वतंत्र वीर सावरकर के लिए हमारे मन में अपार श्रद्धा और सम्मान है और इसे मिटाया नहीं जा सकता।'

